4 June 2026
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अक्सर लोग वॉटर प्यूरीफायर खरीदते समय यह देखना भूल जाते हैं कि उसमें TDS (Total Dissolved Solids) कितना होगा. यह छोटी-सी गलती बाद में भारी पड़ सकती है.
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अधिकतर वॉटर प्यूरीफायर में TDS को काफी कम रखा जाता है ताकि पानी बहुत साफ दिखे और पीने में स्मूथ लगे.
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TDS को बहुत कम करने से पानी में मौजूद जरूरी मिनरल्स भी कम हो जाते हैं. पानी में कोई मिनिरल नहीं रहता है.
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जिस तरह लोगों को फोन में 100% बैटरी और फुल सिग्नल पसंद होते हैं, उसी तरह कई लोग पानी में भी 100% प्यूरीफिकेशन चाहते हैं.
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अपने वॉटर प्यूरीफायर में TDS को लगभग 50 mg/L से 150 mg/L के बीच रखना एक अच्छा विकल्प माना जाता है. इससे पानी में जरूरी मिनरल्स बने रहते है.
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अगर आप महंगा प्यूरीफायर खरीदकर भी पानी का TDS बहुत कम कर देते हैं, तो लंबे समय तक बहुत कम मिनरल्स वाला पानी पीने से शरीर में मिनरल्स की कमी हो सकती है.
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दुनिया की प्रमुख स्वास्थ्य संस्था World Health Organization (WHO) ने बताया है कि लंबे समय तक बहुत कम TDS पानी पीना स्वास्थ्य के लिए सही नहीं माना जाता.
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